India-Pakistan Relations from Past to Present
ब्रिटिश शासन की विभाजन योजना के परिणामस्वरूप अगस्त 1947 में पाकिस्तान का निर्माण हुआ। अपने गठन के बाद से ही पाकिस्तान ने भारत से अलग एक विशिष्ट राष्ट्रीय पहचान बनाने का प्रयास किया। संस्थापक आदर्शों से भटकते हुए, समय के साथ पाकिस्तान की छवि एक अस्थिर और आंतरिक संघर्षों से जूझते राष्ट्र के रूप में उभरी, जहाँ लोकतांत्रिक प्रक्रियाएँ कमजोर पड़ीं और सैन्य शासन ने प्रमुख भूमिका निभाई। विदेश नीति के स्तर पर पाकिस्तान का अस्तित्व और उसकी दिशा काफी हद तक भारत के साथ पारंपरिक प्रतिद्वंद्विता पर आधारित रही है। यह प्रतिस्पर्धा केवल वर्तमान तक सीमित नहीं है, बल्कि ऐतिहासिक घटनाओं और उनकी व्याख्याओं से भी गहराई से जुड़ी हुई है। सीमा विवाद, परमाणु हथियारों की दौड़, जल बंटवारा और विशेष रूप से कश्मीर मुद्दा इस प्रतिस्पर्धा के प्रमुख आयाम हैं। भारत और पाकिस्तान के संबंधों को समझने पर स्पष्ट होता है कि दोनों देशों के बीच संबंधों की आधारशिला अविश्वास और संघर्ष की मानसिकता पर टिकी रही है, जिससे द्विपक्षीय संबंधों में स्थिरता लाना एक चुनौतीपूर्ण कार्य बना हुआ है।
Authors
- Kajal Gautam
Publication Details
- Published
- 2026-05-12
- DOI
- https://doi.org/10.82471/pwkw3-bfh80
- Primary Topic
- Indian Economic and Social Development
- Type
- article
- Field-Weighted Citation Impact
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