मगल मनसबदर वयवसथ क एक वशलषणतमक अधययन

प्रस्तावना:- मनसबदारी व्यवस्था एक ऐसी व्यवस्था था जिसका शुरुआत अकबर द्वारा 1571ईस्वी में किया गया था। यह एक प्रशासनिक और सैन्य प्रणाली थी जिसमें अधिकारियों और घुड़सवारों कीसंख्या के आधार पर श्रेणीबद्ध किया जाता था। यह प्रणाली दशमलव प्रणाली पर आधारित था, जहांमनसबदार कुलीन वर्ग, सेना और प्रशासन का हिस्सा होते थे। मनसब एक अरबी शब्द हैजिसका अर्थपद, रैक, या दर्जा, होताहै।इस व्यवस्था के अंतर्गत मानसबदारों की नियुक्ति पदोन्नति याबर्खास्तगीसीधेसम्राट द्वारा किया जाता था। अगर इस व्यवस्था को चलाने में कोई योद्धा सक्षम नहीं होता थायाइस गरिमा को संभाल नहीं पता था तब उसकी बर्खास्तगी सम्राट के द्वारा किया जाता था। यह पदवंशानुगत नहीं होता था क्योंकि इस व्यवस्था के अंतर्गत सैन्य और अधिकारियों की नियुक्ति उनकीयोग्यता के आधार पर किया जाता था ताकि राज्य प्रणाली को सुचारू रूप से चलाया जा सके। इसव्यवस्था के अंतर्गत मानसबदारों को नगद (नक्दी) याजागीर(भूमि अनुदान) के रूप में वेतन मिलता था। मानसबदारों कोघुड़सवार, तीरंदाज, और अन्य सैनिक रखने होते थे जिन्हें दाग और चेहरा प्रणाली के माध्यम से सत्यापितकिया जाता था।मनसबदारों का अक्सर एक क्षेत्र से दूसरे क्षेत्र में स्थानांतरण किया जाता था ताकिस्थानीय सत्ता केंद्र न बन सके।इस व्यवस्था के अंतर्गत मुख्य रूप से नौकरशाही व्यवस्था को स्थापितकरना तथा सेना को मजबूत करना था। यह मुगलों की प्रशासनिक और सैनिक शक्ति का मुख्य अंग था।मनसबदारी प्रणाली व्यवस्था का उद्देश्य अभिजात वर्ग और सैन्य को संगठित करना था। इसका महत्व इसबात में अंकित करता है कि इसने कुशल शासन राजस्व संग्रह और सैन्य संगठनों को सक्षम बनाया,जिससे मुगल साम्राज्य की स्थिरता और विस्तार मे काफी योगदान मिला।जहांगीर और शाहजहां ने अकबर की मूल मनसबदारी व्यवस्था में नई प्राणियों लागू की, जहां जहांगीर द्वारा शुरू की गई प्रणाली को दु-अस्पा औरसी अस्पा कहा गया। वहीं शाहजहां द्वारा लाई गई प्रणाली माह-अनुपात या माह -पैमाना प्रणाली था। इस प्रणाली के तहत चुनिंदा अमीरों को जात रैंक में बिना कोई बदलाव किए सैनिकों की एक बड़ी टुकड़ी रखने की अनुमति प्रदान की जाती थी

Institutions

Publication Details

Journal
International Journal of Scientific Development and Research
Published
2026-01-01
DOI
https://doi.org/10.56975/ijsdr.v11i3.308039
Primary Topic
Military Technology and Strategies
Type
article
Field-Weighted Citation Impact
0.00
Controls
|||
ALL TIME
JAN
FEB
MAR
APR
MAY
JUN
JUL
AUG
SEP
OCT
article

मगल मनसबदर वयवसथ क एक वशलषणतमक अधययन

International Journal of Scientific Development and Research
Military Technology and Strategies
article

मगल मनसबदर वयवसथ क एक वशलषणतमक अधययन

article en

Abstract

प्रस्तावना:- मनसबदारी व्यवस्था एक ऐसी व्यवस्था था जिसका शुरुआत अकबर द्वारा 1571ईस्वी में किया गया था। यह एक प्रशासनिक और सैन्य प्रणाली थी जिसमें अधिकारियों और घुड़सवारों कीसंख्या के आधार पर श्रेणीबद्ध किया जाता था। यह प्रणाली दशमलव प्रणाली पर आधारित था, जहांमनसबदार कुलीन वर्ग, सेना और प्रशासन का हिस्सा होते थे। मनसब एक अरबी शब्द हैजिसका अर्थपद, रैक, या दर्जा, होताहै।इस व्यवस्था के अंतर्गत मानसबदारों की नियुक्ति पदोन्नति याबर्खास्तगीसीधेसम्राट द्वारा किया जाता था। अगर इस व्यवस्था को चलाने में कोई योद्धा सक्षम नहीं होता थायाइस गरिमा को संभाल नहीं पता था तब उसकी बर्खास्तगी सम्राट के द्वारा किया जाता था। यह पदवंशानुगत नहीं होता था क्योंकि इस व्यवस्था के अंतर्गत सैन्य और अधिकारियों की नियुक्ति उनकीयोग्यता के आधार पर किया जाता था ताकि राज्य प्रणाली को सुचारू रूप से चलाया जा सके। इसव्यवस्था के अंतर्गत मानसबदारों को नगद (नक्दी) याजागीर(भूमि अनुदान) के रूप में वेतन मिलता था। मानसबदारों कोघुड़सवार, तीरंदाज, और अन्य सैनिक रखने होते थे जिन्हें दाग और चेहरा प्रणाली के माध्यम से सत्यापितकिया जाता था।मनसबदारों का अक्सर एक क्षेत्र से दूसरे क्षेत्र में स्थानांतरण किया जाता था ताकिस्थानीय सत्ता केंद्र न बन सके।इस व्यवस्था के अंतर्गत मुख्य रूप से नौकरशाही व्यवस्था को स्थापितकरना तथा सेना को मजबूत करना था। यह मुगलों की प्रशासनिक और सैनिक शक्ति का मुख्य अंग था।मनसबदारी प्रणाली व्यवस्था का उद्देश्य अभिजात वर्ग और सैन्य को संगठित करना था। इसका महत्व इसबात में अंकित करता है कि इसने कुशल शासन राजस्व संग्रह और सैन्य संगठनों को सक्षम बनाया,जिससे मुगल साम्राज्य की स्थिरता और विस्तार मे काफी योगदान मिला।जहांगीर और शाहजहां ने अकबर की मूल मनसबदारी व्यवस्था में नई प्राणियों लागू की, जहां जहांगीर द्वारा शुरू की गई प्रणाली को दु-अस्पा औरसी अस्पा कहा गया। वहीं शाहजहां द्वारा लाई गई प्रणाली माह-अनुपात या माह -पैमाना प्रणाली था। इस प्रणाली के तहत चुनिंदा अमीरों को जात रैंक में बिना कोई बदलाव किए सैनिकों की एक बड़ी टुकड़ी रखने की अनुमति प्रदान की जाती थी

International Journal of Scientific Development and ResearchVol. 11(3)
Indira Gandhi National Open University (IN)
Openalex Percentile: Top 8%
Military Technology and Strategies
AI Navigator

Ask Laika to Summarize, Analyze, and Connect papers live on the map.

Summarize Papers & Methodologies

Extract key findings, datasets, and comparative methods across publications.

Benchmark Rankings & Visual Analytics

Rank top research institutions, authors, funders, topics, and journals by Field-Weighted Citation Impact (FWCI) and paper volume with instant charts.

Connect Distant Disciplines

Bridge topological clusters on the map to find hidden collaborative intersections.